+91 8090904560 chiragblog@gmail.com

मीडिया : एक चेहरा ये भी

हमारे मुल्क़ की क़िस्मत में ये विस्फोट क्यूँकर था शहर से गाँव तक माहौल कल दमघोट क्यूँकर था पसीना चू रहा था सबकी पेशानी से पर फिर भी ख़बर पढ़ते हुए उनके बदन पर कोट क्यूँकर था ✍️ चिराग़...

मुल्क़ में दहशत

जो फैलाने चले हैं मुल्क़ में दहशत धमाकों से वही छुपते फिरा करते हैं इक मुद्दत धमाकों से न ख़बरों में उछाल आया, न बाज़ारों में सूनापन न बिगड़ी मुल्क़ के माहौल की सेहत धमाकों से वही हल्ला, वही चीखें, वही ग़ुस्सा, वही नफ़रत हमें अब हो गई इस शोर की आदत, धमाकों से ये दहशतग़र्द अब...
error: Content is protected !!